सजावट

जानें दक्षिण भारत में शादी में दुल्हन कैसी साड़ी पहनती हैं

जानें दक्षिण भारत में शादी में दुल्हन कैसी साड़ी पहनती हैं


साड़ी को भारतीय पहनावा कहा जाता है। हमारे देश में घर में कोई शुभ काम हो या परम्परागत काम होतो महिलाएं साड़ी पहनती है। साड़ी किसी भी महिला की खूबसूरती को चार चांद लगा देती है। देश के विभिन्न-विभिन्न हिस्सों में भिन्न-भिन्न तरह की साड़ियां पहनी जाती है। देश के चारों कोनों में प्रत्येक प्रदेश की एक विशेष तरह की साड़ी होती है जो कि शादी में दुल्हन को पहनाई जाती है। तो चलिए आज आपको देश के दक्षिण भाग की साड़ियों के बारे में बताते है जो शादियों में प्रयोग की जाती है। यह साड़ियां काफी महंगी होती है और इनका कपड़ा भी काफी अच्छा होता है।

साड़ी
साड़ी

और पढ़े : शादी में कैसे करे फूलो से सजावट

केरल साड़ी

केरल की शादी के दौरान दुल्हन साड़ी पहनती है। इस साड़ी पर गोल्डन कलर का बॉर्डर होता है। जिसमें सोने की तार होती है। इसमें किसी प्रकार की कढ़ाई नहीं होती है।

केरल साड़ी
केरल साड़ी

और पढ़े : नई-नवेली दुल्हनों को यह काम करने से जरूर बचना चाहिए

चेत्तीनाड सिल्क साड़ी

यह साड़ी फैशनेबल क्लेक्शन में आती है जो डार्क और ब्राइट कलर वाली होती है। लेकिन पहनने के बाद ये काफी सुंदर दिखती है।

मैसूर सिल्क साड़ी

मैसूर वैसे तो राजा महाराजों को शहर है तो इसलिए यहां की साड़ी की ठाठ थोड़ी हटकर है। यह देश में ही नहीं ब्लकि विदेशों में भी पसंद की जाती है। इसमें आने वाली साड़ियां हल्के रंग और चौड़े बॉर्डर वाली होती है। कर्नाटक में दुल्हनें मैसूर की पारम्पारिक सिल्क साड़ी को पहनना ही पसंद करती हैं।

मैसूर सिल्क साड़ी
मैसूर सिल्क साड़ी

पोचमपल्ली सिल्क साड़ी

आंध्रप्रदेश में पोचमपल्ली सिल्क साड़ी का चलन काफी है। यह इकावट बुनाई विधि से बनाई जाती है और बनने के बाद सुंदर दिखती है। दुल्हनों को अक्सर यही साड़ी, आंध्रप्रदेश में पहनाई जाती है।

कोनार्ड मंदिर साड़ी

यह साड़ी काफी पुराने समय से चलन में है। यह सिल्क से बनी होती है और इसमें देवी देवता बने होते हैं। पूरी साड़ी में अधिकतर गोल्ड जरी का काम होता है।

Have a news story, an interesting write-up or simply a suggestion? Write to us at

info@oneworldnews.in

Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments
Back to top button
Hey, wait!

अगर आप भी चाहते हैं कुछ हटके वीडियो, महिलाओ पर आधारित प्रेरणादायक स्टोरी, और निष्पक्ष खबरें तो ऐसी खबरों के लिए हमारे न्यूज़लेटर को सब्सक्राइब करें और पाए बेकार की न्यूज़अलर्ट से छुटकारा।