Mohammed Shami: टीम इंडिया को बड़ा झटका! मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से लिया संन्यास
Mohammed Shami, भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है। 36 साल के शमी ने 6 नवंबर 2026 को सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए अपने इस फैसले की जानकारी दी।
Mohammed Shami : मोहम्मद शमी का बड़ा फैसला, टेस्ट क्रिकेट से संन्यास की खबर ने चौंकाया
Mohammed Shami, भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है। 36 साल के शमी ने 6 नवंबर 2026 को सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए अपने इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वह भारतीय टीम की सफेद जर्सी को अलविदा कह रहे हैं, लेकिन इससे जुड़ी यादें हमेशा उनके साथ रहेंगी। Mohammed Shami के इस ऐलान के बाद क्रिकेट जगत में उनकी उपलब्धियों और भारतीय टीम के लिए दिए गए योगदान की चर्चा शुरू हो गई है।शमी ने अपने संदेश में लिखा कि जब उन्होंने पहली बार भारत की टेस्ट जर्सी पहनी थी, तब उनका सपना देश के लिए कुछ खास करने का था। इसके बाद हर विकेट, हर संघर्ष, हर चोट और हर वापसी ने उन्हें कुछ नया सिखाया। उनके मुताबिक, टेस्ट क्रिकेट उनके लिए सिर्फ एक फॉर्मेट नहीं, बल्कि जिंदगी का बेहद खास हिस्सा रहा है। उन्होंने अपने सफर में साथ देने वाले टीम के खिलाड़ियों, कोच, परिवार, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी BCCI, क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल और करोड़ों प्रशंसकों का शुक्रिया भी अदा किया।

13 साल पहले किया था टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू
Mohammed Shami के टेस्ट करियर की शुरुआत 6 नवंबर 2013 को हुई थी। उन्होंने कोलकाता के ईडन गार्डन्स में वेस्टइंडीज के खिलाफ अपना पहला टेस्ट मैच खेला था। दिलचस्प बात यह है कि टेस्ट डेब्यू की 13वीं सालगिरह पर ही उन्होंने इस फॉर्मेट से संन्यास का ऐलान किया। अपने पहले ही टेस्ट मैच में शमी ने शानदार गेंदबाजी करते हुए कुल नौ विकेट हासिल किए थे। इस प्रदर्शन ने उनके अंतरराष्ट्रीय करियर की मजबूत शुरुआत की थी।शमी ने अपने टेस्ट करियर में भारत के लिए कुल 64 मैच खेले और 229 विकेट अपने नाम किए। इस दौरान उन्होंने छह बार एक पारी में पांच या उससे ज्यादा विकेट लेने का कारनामा किया। उनकी सर्वश्रेष्ठ टेस्ट गेंदबाजी 56 रन देकर छह विकेट रही। वह अपनी तेज रफ्तार, सटीक लाइन-लेंथ और गेंद को दोनों तरफ स्विंग कराने की क्षमता के लिए पहचाने जाते रहे। खासतौर पर पुरानी गेंद से रिवर्स स्विंग हासिल करने में उनकी काबिलियत ने उन्हें भारतीय टीम के अहम गेंदबाजों में शामिल किया।

चोटों और वापसी के बीच जारी रहा सफर
Mohammed Shami का टेस्ट करियर शानदार प्रदर्शन के साथ-साथ चोटों और वापसी की चुनौतियों से भी जुड़ा रहा। कई मौकों पर चोट के कारण उन्हें मैदान से दूर रहना पड़ा, लेकिन उन्होंने घरेलू क्रिकेट में मेहनत करके टीम में वापसी की कोशिश जारी रखी। पिछले कुछ समय से उनकी फिटनेस और भारतीय टेस्ट टीम में वापसी को लेकर चर्चा चल रही थी।Mohammed Shami ने अपना आखिरी टेस्ट मैच जून 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में खेला था। इसके बाद वह चोट और फिटनेस से जुड़ी परेशानियों के कारण टेस्ट टीम में वापसी नहीं कर सके। हालांकि, घरेलू क्रिकेट में वह बंगाल की ओर से खेलते रहे। रणजी ट्रॉफी में उनके प्रदर्शन ने भी कई बार उनकी वापसी की संभावनाओं को लेकर चर्चा तेज की।
वनडे वर्ल्ड कप 2023 में किया था शानदार प्रदर्शन
टेस्ट क्रिकेट के अलावा शमी का वनडे करियर भी काफी प्रभावशाली रहा है। खासकर 2023 के वनडे वर्ल्ड कप में उनका प्रदर्शन भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों को लंबे समय तक याद रहेगा। इस टूर्नामेंट में उन्होंने केवल सात मैचों में 24 विकेट हासिल किए थे। वह टूर्नामेंट के सबसे सफल गेंदबाजों में शामिल रहे। वर्ल्ड कप के दौरान उनकी गेंदबाजी ने कई मुकाबलों में भारतीय टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।शमी वनडे वर्ल्ड कप के इतिहास में भारत के लिए सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज भी हैं। उनके नाम इस टूर्नामेंट में कुल 55 विकेट दर्ज हैं। यही वजह है कि टेस्ट क्रिकेट से उनके संन्यास के बावजूद सीमित ओवरों के फॉर्मेट में उनके अनुभव और प्रदर्शन को अहम माना जा रहा है।
क्या अब वनडे और टी20 में खेलते रहेंगे शमी?
Mohammed Shami ने अपने संन्यास के संदेश में स्पष्ट किया है कि उनका यह फैसला केवल टेस्ट क्रिकेट तक सीमित है। वह वनडे और टी20 क्रिकेट खेलना जारी रखना चाहते हैं। इसके अलावा उन्होंने जरूरत पड़ने पर अपनी फिटनेस बनाए रखने के लिए घरेलू मल्टी-डे क्रिकेट में खेलने की उपलब्धता भी जताई है। यानी टेस्ट क्रिकेट से विदाई का मतलब उनके क्रिकेट करियर का पूरी तरह खत्म होना नहीं है।शमी घरेलू क्रिकेट में बंगाल का प्रतिनिधित्व करते हैं और इंडियन प्रीमियर लीग में लखनऊ सुपर जायंट्स से जुड़े हैं। ऐसे में आने वाले समय में उनका ध्यान सीमित ओवरों के क्रिकेट पर रह सकता है। हालांकि, भारतीय टीम में उनकी वापसी और भविष्य में मिलने वाले मौकों को लेकर अंतिम फैसला चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन पर निर्भर करेगा।

कोच मोर्ने मोर्केल ने भी दी प्रतिक्रिया
Mohammed Shami के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास के बाद भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्केल ने भी उनके योगदान को याद किया। उन्होंने शमी को शानदार कौशल वाला खिलाड़ी बताते हुए कहा कि भारतीय टीम के साथ जुड़ने के शुरुआती दिनों में शमी ने उनकी काफी मदद की थी। मोर्केल ने उनके जाने को दुखद बताया और उनके अनुभव तथा टीम के लिए किए गए योगदान की सराहना की।मोहम्मद शमी का टेस्ट करियर भले ही समाप्त हो गया हो, लेकिन 64 मैचों में 229 विकेट का उनका रिकॉर्ड भारतीय क्रिकेट में उनकी भूमिका को याद दिलाता रहेगा। उन्होंने कई मुश्किल परिस्थितियों में टीम के लिए अहम विकेट हासिल किए और अपनी गेंदबाजी से पहचान बनाई। अब प्रशंसकों की नजर इस बात पर रहेगी कि सफेद जर्सी को अलविदा कहने के बाद शमी सीमित ओवरों के क्रिकेट में किस तरह का प्रदर्शन करते हैं।
We’re now on WhatsApp. Click to join.
अगर आपके पास भी हैं कुछ नई स्टोरीज या विचार, तो आप हमें इस ई-मेल पर भेज सकते हैं info@oneworldnews.com.







