Multigrain Flour: सेहतमंद रोटियों का राज: ऐसे तैयार करें घर पर परफेक्ट मल्टीग्रेन आटा
Multigrain Flour, आजकल लोग अपनी सेहत को लेकर पहले से कहीं ज्यादा जागरूक हो गए हैं। फिट रहने और शरीर को जरूरी पोषण देने के लिए खानपान में बदलाव करना बेहद जरूरी माना जाता है।
Multigrain Flour : रसोई में रखें हेल्थ का खजाना, जानिए मल्टीग्रेन आटा बनाने का आसान तरीका
Multigrain Flour, आजकल लोग अपनी सेहत को लेकर पहले से कहीं ज्यादा जागरूक हो गए हैं। फिट रहने और शरीर को जरूरी पोषण देने के लिए खानपान में बदलाव करना बेहद जरूरी माना जाता है। इसी वजह से मल्टीग्रेन आटा तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। यह आटा कई तरह के अनाजों और दालों को मिलाकर तैयार किया जाता है, जिससे शरीर को प्रोटीन, फाइबर, विटामिन और मिनरल्स भरपूर मात्रा में मिलते हैं। बाजार में मल्टीग्रेन आटा आसानी से मिल जाता है, लेकिन घर पर तैयार किया गया मल्टीग्रेन आटा ज्यादा शुद्ध, ताजा और पौष्टिक होता है। आप अपनी जरूरत और स्वाद के अनुसार इसमें अलग-अलग अनाज भी शामिल कर सकते हैं। आइए जानते हैं घर पर स्वाद और सेहत से भरपूर मल्टीग्रेन आटा बनाने का आसान तरीका।
मल्टीग्रेन आटा क्या होता है?
मल्टीग्रेन आटा एक ऐसा आटा है जिसमें गेहूं के साथ कई अन्य अनाज और दालों को मिलाया जाता है। इसमें आमतौर पर जौ, बाजरा, मक्का, ज्वार, चना, सोयाबीन और रागी जैसे पौष्टिक तत्व शामिल होते हैं। इन सभी अनाजों का मिश्रण शरीर को संतुलित पोषण प्रदान करता है।
मल्टीग्रेन आटा बनाने के लिए सामग्री
- गेहूं – 5 किलो
- चना – 500 ग्राम
- जौ – 500 ग्राम
- बाजरा – 500 ग्राम
- ज्वार – 500 ग्राम
- रागी – 250 ग्राम
- मक्का – 250 ग्राम
- सोयाबीन – 250 ग्राम
- अलसी के बीज – 100 ग्राम
आप अपनी पसंद और उपलब्धता के अनुसार इनकी मात्रा में थोड़ा बदलाव कर सकते हैं।
सामग्री को साफ करना जरूरी
मल्टीग्रेन आटा बनाने से पहले सभी अनाजों और दालों को अच्छी तरह साफ कर लें। इनमें मौजूद कंकड़, धूल या अन्य अशुद्धियों को निकाल दें। साफ अनाज न केवल स्वाद बेहतर बनाते हैं बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी सुरक्षित होते हैं।
हल्का भून लें
हालांकि यह कदम जरूरी नहीं है, लेकिन यदि आप आटे की खुशबू और स्वाद बढ़ाना चाहते हैं तो जौ, चना, रागी और सोयाबीन को हल्का भून सकते हैं।ध्यान रखें कि अनाज को बहुत ज्यादा न भूनें, वरना उनका पोषण कम हो सकता है। हल्का भूनने से आटा लंबे समय तक ताजा भी बना रहता है।
अनाजों को सुखाएं
यदि आपने अनाज धोए हैं तो उन्हें पूरी तरह सूखने दें। नमी रहने पर आटा जल्दी खराब हो सकता है। इसलिए सभी सामग्री को धूप में या खुले स्थान पर अच्छी तरह सुखा लें।
चक्की पर पिसवाएं
सभी अनाजों को एक बड़े बर्तन में अच्छी तरह मिलाएं और नजदीकी आटा चक्की पर पिसवा लें। यदि आपके घर में हाई-पावर ग्राइंडर है तो आप छोटे बैच में इसे घर पर भी पीस सकते हैं।पीसते समय ध्यान रखें कि आटा ज्यादा महीन या ज्यादा मोटा न हो। मध्यम बनावट की पिसाई रोटियों के लिए सबसे बेहतर मानी जाती है।
आटे को स्टोर करने का सही तरीका
पिसवाने के बाद आटे को पूरी तरह ठंडा होने दें। इसके बाद इसे एयरटाइट कंटेनर में भरकर रखें। नमी और धूप से दूर रखने पर मल्टीग्रेन आटा लंबे समय तक ताजा रहता है।यदि आप बड़ी मात्रा में आटा बनाते हैं, तो उसे छोटे-छोटे हिस्सों में स्टोर करना बेहतर रहता है।
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मल्टीग्रेन आटे के फायदे
1. पाचन को बेहतर बनाता है
मल्टीग्रेन आटे में फाइबर की मात्रा अधिक होती है, जिससे पाचन तंत्र मजबूत रहता है। यह कब्ज जैसी समस्याओं को कम करने में मदद कर सकता है।
2. वजन नियंत्रित रखने में सहायक
फाइबर से भरपूर होने के कारण यह लंबे समय तक पेट भरा हुआ महसूस कराता है। इससे बार-बार भूख नहीं लगती और वजन नियंत्रण में रखने में मदद मिल सकती है।
3. प्रोटीन का अच्छा स्रोत
चना और सोयाबीन जैसे तत्व मल्टीग्रेन आटे में प्रोटीन की मात्रा बढ़ाते हैं। यह मांसपेशियों की मजबूती और शरीर की ऊर्जा के लिए फायदेमंद है।
4. हड्डियों को मजबूत बनाता है
रागी और बाजरा कैल्शियम से भरपूर होते हैं। इनके सेवन से हड्डियों और दांतों को मजबूती मिलती है।
5. दिल की सेहत के लिए फायदेमंद
जौ और अलसी में मौजूद पोषक तत्व हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकते हैं। ये शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित करने में भी सहायक माने जाते हैं।
6. डायबिटीज के मरीजों के लिए बेहतर विकल्प
मल्टीग्रेन आटे का ग्लाइसेमिक इंडेक्स सामान्य आटे की तुलना में कम होता है। इससे ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है।
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मल्टीग्रेन आटे से क्या-क्या बना सकते हैं?
- रोटी
- पराठा
- पूड़ी
- थेपला
- मिस्सी रोटी
- चीला
- खाखरा
इन व्यंजनों में मल्टीग्रेन आटे का उपयोग करके आप स्वाद के साथ पोषण भी बढ़ा सकते हैं।मल्टीग्रेन आटा सेहत और स्वाद का बेहतरीन संगम है। इसे घर पर बनाना बेहद आसान है और इसमें आप अपनी जरूरत के अनुसार विभिन्न अनाजों का मिश्रण कर सकते हैं। नियमित रूप से मल्टीग्रेन आटे से बनी रोटियों का सेवन करने से शरीर को कई जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं और स्वास्थ्य बेहतर बना रहता है। अगर आप अपने परिवार को हेल्दी और पौष्टिक भोजन देना चाहते हैं, तो घर पर तैयार किया गया मल्टीग्रेन आटा आपकी रसोई का अहम हिस्सा जरूर बन सकता है।
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