भारत

Pope Leo XIV surgery: पोप लियो XIV की हुई सर्जरी, फेफड़ों के कैंसर को लेकर सामने आया बड़ा अपडेट

Pope Leo XIV surgery, पोप लियो XIV की सेहत को लेकर बड़ी जानकारी सामने आई है। 71 वर्षीय पोप लियो XIV को फेफड़ों का कैंसर होने की पुष्टि हुई है।

Pope Leo XIV surgery : पोप लियो XIV की सेहत को लेकर चिंता, लंग कैंसर के इलाज के लिए ऑपरेशन

Pope Leo XIV surgery, पोप लियो XIV की सेहत को लेकर बड़ी जानकारी सामने आई है। 71 वर्षीय पोप लियो XIV को फेफड़ों का कैंसर होने की पुष्टि हुई है। 13 अक्टूबर 2026 को रोम के जेमेली अस्पताल में उनकी सर्जरी की गई, जिसमें डॉक्टरों ने उनके दाहिने फेफड़े का निचला हिस्सा निकाल दिया। जांच के दौरान निकाले गए टिश्यू में लंग एडेनोकार्सिनोमा पाया गया, जो फेफड़ों के कैंसर का एक प्रकार है। सर्जरी के बाद पोप की हालत स्थिर बताई गई और वह अस्पताल के कमरे में आराम कर रहे हैं।

pope leo 2026 10 0e0bcd87e927ebe6551582727bc38170

जांच में सामने आया फेफड़ों के कैंसर का मामला

पोप लियो XIV के फेफड़े में हाल ही में हुई स्वास्थ्य जांच के दौरान एक छोटा असामान्य हिस्सा मिला था, जिसे मेडिकल भाषा में नोड्यूल कहा जाता है। इसके बाद डॉक्टरों ने उनकी स्थिति का आकलन किया और इसे निकालने के लिए सर्जरी करने का फैसला लिया। ऑपरेशन से पहले की जांच में कैंसर की आशंका जताई गई थी। सर्जरी के दौरान निकाले गए टिश्यू की जांच में इस आशंका की पुष्टि हुई।मेडिकल बुलेटिन के अनुसार, पोप को पल्मोनरी एडेनोकार्सिनोमा हुआ है। यह नॉन-स्मॉल सेल लंग कैंसर का एक प्रकार है। हालांकि, अभी तक बीमारी की पूरी स्टेज, ट्यूमर का आकार और कैंसर लिम्फ नोड्स या शरीर के अन्य हिस्सों तक फैला है या नहीं, इसकी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। इन जानकारियों से बीमारी की गंभीरता और आगे के इलाज का आकलन करने में मदद मिलती है।

करीब 90 मिनट चली सर्जरी

पोप लियो XIV की सर्जरी रोम के जेमेली अस्पताल में की गई। डॉक्टरों ने वीडियो-असिस्टेड तकनीक की मदद से उनके दाहिने फेफड़े का निचला हिस्सा निकाला। इस तकनीक में कैमरे और विशेष उपकरणों की सहायता से सर्जरी की जाती है। मेडिकल जानकारी के अनुसार, पोप लगभग तीन घंटे ऑपरेशन थिएटर में रहे, जबकि वास्तविक सर्जरी करीब 90 मिनट चली।वेटिकन की ओर से जारी मेडिकल बुलेटिन में बताया गया कि ऑपरेशन सफल रहा और इस दौरान कोई जटिलता सामने नहीं आई। सर्जरी के बाद पोप सामान्य रूप से होश में आए और कुछ समय निगरानी में रहने के बाद उन्हें अस्पताल के कमरे में वापस ले जाया गया। फिलहाल वह डॉक्टरों की निगरानी में हैं।

क्या है लंग एडेनोकार्सिनोमा?

लंग एडेनोकार्सिनोमा फेफड़ों के कैंसर का एक सामान्य प्रकार है। यह फेफड़ों की कुछ विशेष कोशिकाओं में विकसित होता है और नॉन-स्मॉल सेल लंग कैंसर की श्रेणी में आता है। यह बीमारी धूम्रपान करने वाले लोगों के साथ-साथ धूम्रपान नहीं करने वाले लोगों में भी हो सकती है।इस कैंसर का इलाज कई बातों पर निर्भर करता है। इनमें ट्यूमर का आकार, कैंसर की जगह, बीमारी की स्टेज और कैंसर के अन्य हिस्सों तक फैलने की स्थिति शामिल हैं। शुरुआती चरण में सीमित ट्यूमर होने पर सर्जरी से प्रभावित हिस्से को निकालना इलाज का एक विकल्प हो सकता है। कुछ मामलों में सर्जरी के बाद की जांच के आधार पर अतिरिक्त उपचार की जरूरत भी पड़ सकती है।पोप लियो XIV के मामले में कैंसर की स्टेज और आगे के उपचार को लेकर अभी पूरी जानकारी सामने नहीं आई है। डॉक्टरों को अंतिम जांच रिपोर्ट के आधार पर यह तय करना होगा कि सर्जरी के बाद किसी अतिरिक्त इलाज की जरूरत है या नहीं।

2026 10image 08 54 227685660pop

Read More: Vicky Kaushal: ‘छावा’ स्टार विक्की कौशल को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा तेज, कैटरीना से जुड़ा मामला भी आया सामने

अस्पताल में करीब एक सप्ताह रहेंगे पोप

उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, सर्जरी के बाद पोप लियो XIV को रिकवरी के लिए करीब एक सप्ताह अस्पताल में रहना पड़ सकता है। उनकी सेहत पर लगातार नजर रखी जा रही है। डॉक्टर उनकी रिकवरी, सांस लेने की स्थिति और अन्य जरूरी मेडिकल संकेतों की निगरानी करेंगे।वेटिकन ने पोप के सार्वजनिक कार्यक्रम 20 अक्टूबर 2026 तक रद्द कर दिए हैं। आगे के कार्यक्रम उनकी सेहत और डॉक्टरों की सलाह के आधार पर तय किए जाएंगे। अभी तक की जानकारी में कीमोथेरेपी या किसी अन्य अतिरिक्त उपचार की पुष्टि नहीं की गई है। इस बारे में फैसला आगे की जांचों के परिणाम आने के बाद लिया जा सकता है।

नवंबर की विदेश यात्रा पर भी असर पड़ सकता है

पोप लियो XIV के कार्यक्रम में 6 से 17 नवंबर 2026 तक दक्षिण अमेरिका की यात्रा प्रस्तावित है। इस यात्रा में उरुग्वे, अर्जेंटीना और पेरू शामिल हैं। हालांकि, हालिया सर्जरी और रिकवरी की अवधि को देखते हुए उनकी यात्रा को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।यात्रा के संबंध में अंतिम फैसला उनकी स्वास्थ्य स्थिति और मेडिकल टीम की सलाह पर निर्भर करेगा। फिलहाल पोप की प्राथमिकता सर्जरी के बाद स्वास्थ्य में सुधार और डॉक्टरों की निगरानी में रिकवरी है।

Read More: Kangana Ranaut: कंगना रनौत के AI डीपफेक और आपत्तिजनक पोस्ट पर कार्रवाई, मेटा को 72 घंटे की मोहलत

पोप लियो XIV कौन हैं?

पोप लियो XIV का मूल नाम रॉबर्ट फ्रांसिस प्रीवोस्ट है। उनका जन्म 1955 में अमेरिका के शिकागो में हुआ था। वह 8 मई 2025 को कैथोलिक चर्च के 267वें पोप चुने गए थे। पोप के रूप में वह दुनिया भर के कैथोलिक समुदाय के सर्वोच्च धार्मिक नेता हैं।

We’re now on WhatsApp. Click to join.

अगर आपके पास भी हैं कुछ नई स्टोरीज या विचार, तो आप हमें इस ई-मेल पर भेज सकते  हैं info@oneworldnews.com.

Back to top button