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कोरोना से रिकवर करने के बाद आप कब लगवा सकते हैं वैक्सीन?


जाने कोरोना से रिकवर करने वाले लोग कब और कैसे लगवाएं वैक्सीन?


पिछले साल से फैला हुआ कोरोना वायरस आज भी रुकने का नाम नहीं ले रहा है अभी हमारे देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर चल रही है। जिसने पुरे देश में कोहराम मचाया हुआ है। लेकिन इस बार तो हमारे देश में इस वायरस से बचने के लिए टीकाकरण अभियान चल रहा है। जिसे पहले 45+ वाले लोगों के लिए शुरू किया गया था लेकिन अभी हाल ही में 1 मई से टीकाकरण अभियान 18+ के लोगों के लिए भी खोल दिया गया है। अभी हमारे देश में हर रोज लाखों लोग इस कोरोना संक्रमण का शिकार हो रहे है। ऐसे में अभी कोरोना से रिकवर होने वाले लोगों के मन में यह सवाल आ रहा है कि वे कब और कैसे वैक्सीन लगवा सकते हैं? क्योकि अभी कोरोना से रिकवर होने वाले लोगों के लिए वैक्सीनेशन के कोई भी खास निर्देश नहीं है। तो चलिए आज हम आपको इसके बारे में विस्तार से बतायेगे।

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जाने कब और कैसे लगवाएं वैक्सीन

सफदरजंग हॉस्पिटल के कम्यूनिटी हेड जुगल किशोर जी का कहना है कि कोरोना से रिकवर करने वाले लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाने के लिए कम-से-कम 6 हफ्तों का इंतजार करना चाहिए। उसके बाद उन्होंने बताया, अगर कोई व्यक्ति कोरोना से रिकवर हुआ है और उसने कोरोना वैक्सीन का पहला डोज लगावाया है तो उसे दूसरे डोज के लिए 6 हफ्तों का इंतजार करना चाहिए। डाक्टर जुगल किशोर जी के अनुसार जिस दिन कोरोना से रिकवर हुए व्यक्ति के शरीर से कोरोना के लक्षण खत्म हो जाते हैं उसके बाद वो 6 से 8 हफ्तों के बाद कोरोना का टीका लगवा सकता है। और आपको बता दे कि कोरोना से रिकवर करने वाले लोगों की टीकाकरण प्रक्रिया भी आम लोगों के टीकाकरण प्रक्रिया की तरह ही होती है।

और पढ़ें: कोरोना में मरने वाले लोगों में 15 फीसदी वायु प्रदूषण के शिकार है-रिपोर्ट

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6 हफ्तों से पहले वैक्सीन लगाने के नुकसान

अगर आप कोरोना से रिकवर होने के तुरंत बाद ही वैक्सीन लगवाते है तो आपके शरीर में एंटीबॉडी बनने में दिक्कत होगी। डाक्टर जुगल किशोर ने बताया कि जब भी कोई मरीज कोरोना से रिकवर हो जाता हैं तो उनके शरीर में एंटीबॉडी बनने की प्रक्रिया शुरू हो जाती है। और वैक्सीन भी शरीर में जाकर एंटीबॉडी बनाती है लेकिन अगर आपके शरीर में रिकवर होने के कारण एंटीबॉडी बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई है और ऐसे में आप कोरोना की वैक्सीन भी ले लेंगे तो आपको दिक्कत हो सकती है। अगर आप बिना 6 हफ्तों का इंतजार किये वैक्सीन लगवाएंगे तो वो आपके शरीर में जाकर अपना काम करने में असमर्थ होगी।

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वैक्सीन लगवाने के बाद भी बरते सावधानी

इन सारी चीजों के साथ ही डॉक्टर जुगल किशोर कहते है कि जो भी लोग कोरोना वैक्सीन के लिए जा रहे है। उनके लिए भी वैक्सीन लगवाने के बाद भी कोरोना गाइडलाइन्स का पालन करना बेहद जरूरी है। क्योकि अक्सर लोगों को लगता है कि कोरोना वैक्सीन लगवाने के बाद वह सुरक्षित है लेकिन ऐसा नहीं है। वैक्सीन लगवाने के 2 से 6 हफ्ते के बाद व्यक्ति सुरक्षित होता है। अगर कोई व्यक्ति वैक्सीन लगवाने के बाद भी संक्रमण के संपर्क में आता है तो उसके संक्रमित होने का खतरा रहता है। इसलिए सभी लोगों के लिए बेहद जरूरी है कि वो वैक्सीन लगगवाने के बाद भी कोरोना गाइडलाइन्स का पालन करें।

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काम की बात करोना

एक बार फिर बढ़ा कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा, एक दिन में तीन लाख के करीब पहुंचे आंकड़े

जाने कोरोना वायरस महामारी का लेटेस्ट अपडेट


एक बार फिर देश में बढ़ा कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा। कोरोना वायरस की दूसरी लहर दिन प्रतिदिन और घातक होती जा रही है। हर दिन मौत एक नया रिकॉर्ड बनता जा रहा है। अगर हम वर्ल्डोमीटर को देखे, तो वर्ल्डोमीटर के अनुसार पिछले 24 घटों में हमारे देश में 2020 कोरोना
मरीजों
की मौत हो गई। साल 2020 में कोरोना वायरस महामारी की शुरुआत से लेकर अभी तक एक दिन में कोरोना संक्रमितों की मौत की सर्वाधिक संख्या है। पहली बार हमारे देश में पिछले साल सितम्बर के महीने में एक दिन में दो हजार से अधिक लोगों की मौत हुई थी।


जाने देश में कोरोना वायरस महामारी का अपडेट

कोरोना महामारी की दूसरी लहर के तहत 2,94,115 नए संक्रमित मामले मिले। यह भी अभी तक के हमारे देश के एक दिन में मिलने वाले संक्रमितों की सर्वाधिक संख्या है। इसी के साथ हमारे देश में कोरोना वायरस महामारी की वजह से मरने वाले कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 1,82,570 हो गई है। वही अगर हम कुल संक्रमितों की बात करें तो हमारे देश में अभी तक कुल संक्रमितों की संख्या 1,56,09,004 हो गयी है। इसके अलावा उपचाराधीन मरीजों की संख्या 21,50,119 पर तक पहुंच गई है। यह कुल कोरोना वायरस महामारी के संक्रमितों की
संख्या का 13.8 फीसदी है।

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जाने कोरोना वायरस महामारी का रिकवरी रेट

कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमित होने वाले लोगों का
रिकवरी रेट लगातार गिरता जा रहा है। यह रिकवरी रेट अभी 85 प्रतिशत हो गया है।  महामारी के आंकड़ों के अनुसार कोरोना संक्रमित से
स्वस्थ होने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 1,32,69,863 हो गई है। वही अगर हम मृत्यु दर की बात करें तो अभी देश में
कोरोना वायरस महामारी से राष्ट्रीय स्तर पर मृत्यु दर
गिरकर 1.20 प्रतिशत हो गया है। लेकिन अभी महाराष्ट्र में यह दर 1.5 फीसदी हो गयी है। वही अगर हम पश्चिम बंगाल के बात करें तो पश्चिम
बंगाल में यह 1.6 फीसदी हो गयी है।

6 राज्यों में 60 फीसदी कोरोना संक्रमित

अगर हम कोरोना वायरस महामारी की बात करें तो
कोरोना संक्रमण के 60 फीसदी मामले तो सिर्फ देश के छह राज्यों में ही है। इनमें महाराष्ट्र में सर्वाधिक 62,097 नए संक्रमित मामले मिले। इसके बाद दूसरे नंबर पर उत्तर प्रदेश में 29574 नए
संक्रमित मामले मिले। तीसरे नंबर पर दिल्ली में 28395 नए संक्रमित मामले मिले। चौथे नंबर पर कर्नाटक में 21794 नए संक्रमित मामले मिले। पांचवे नंबर पर केरल में 19577 नए संक्रमित मामले
मिले। और छटे नंबर पर छत्तीसगढ़ में 15625 नए कोरोना
मरीज मिले।

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जानें सरोजिनी नगर के सस्ते कपड़ो का राज

Why sarojini nagar is so cheap? जाने सरोजिनी नगर की खासियत


Why sarojini nagar is so cheap: सरोजिनी नगर दक्षिण दिल्ली का एक हिस्सा है। दिल्ली का ये हिस्सा अपनी मार्केट के लिए काफी ज्यादा मशहूर है। अगर आप दिल्ली या फिर दिल्ली के पास कही रहते है तो आपको भी सरोजिनी नगर के बारे में अच्छे से पता होगा और आप भी इस मार्किट में स्ट्रीट शॉपिंग के लिए एक न एक बार तो जरूर ही गए होंगे। दिल्ली की इन मार्किट में आपको कपड़ों से लेकर होम डेकोर और यहाँ तक की किचेन यूटीलिटीज़ तक की सभी चीजे काफी कम पैसों में मिल जाती है। यहाँ आप 100 रुपए की चीज को आराम से 20, 30 रुपए में खरीद सकते हैं। कॉलेज के बच्चों और बजट शॉपिंग पसंद करने वाले लोगों की ये मार्किट बेहद ही पसन्दीदा मार्किट में से एक है। तो चलिए आज हम आपको बतायेगे आखिर कैसे आपको सरोजिनी नगर में इतने सस्ते कपड़े और बाकी चीजे मिल जाती है।

सरोजिनी नगर मार्केट की खासियत

दिल्ली की सरोजिनी नगर मार्केट उन लड़कियों के लिए एक वरदान से कम नहीं है जो फैशन की शौकीन होती है। सरोजिनी नगर मार्केट के लेटेस्ट इंडियन, वेस्टर्न और इंडो वेस्टर्न आउटफिट्स आपका दिल जीत के लिए काफी है। अगर हम सरोजिनी नगर मार्केट की शान की तो बात करें तो यहाँ के स्टाइलिश कपड़ों से लेकर डिज़ाइनर बैग्स तक सब कुछ इस मार्किट की शान है। इस मार्किट में आपको इतने ऑप्शन मिलेंगे की आपके लिए कुछ भी चुनना काफी ज्यादा मुश्किल हो जायेगा। इस मार्किट की एक ओर खासियत यह है कि यहाँ आप भले स्टाइल लुक क्रिएट करने के मन से आओ या फिर पार्टी की तैयारी के लिए यहाँ से आप कभी निराश हो कर नहीं जाएंगे।

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जाने सरोजिनी मार्किट में कपड़े सस्ते होने का कारण

एक्सपोर्ट सरप्लस: सरोजिनी नगर मार्किट की गलियों में बिकने वाले ज़्यादातर ब्रैंडेड कपड़े एक्सपोर्ट सरप्लस वाले होते है। एक्सपोर्ट सरप्लस ये शब्द अपने भले कई लोगों से सुना होगा लेकिन आप अगर इसका मतलब नहीं जानते हैं तो हम आपको बताते है कि Zara, H&M, Mango जैसे कई हाई-एंड ब्रैंड्स के कपड़ों की मैन्युफैक्चरिंग इंडिया समेत कई और देशों में होती है। यह काम उन देशों में होता है ज्यादा पर लेबर कॉस्ट काफी ज्यादा कम होती है। सभी गारमेंट एक्सपोर्टर किसी भी कपड़े का ऑर्डर मिलने पर उसके 4-5 पीस एक्स्ट्रा बनवाता है। यानि की अगर ऑर्डर 100 पीस का है तो इसके 105 पीस बनते है और उसके बाद जब ऐसी बहुत सारे ब्रैंड्स के बहुत सारे कपड़े बच जाते है तो वो सरोजिनी नगर के दुकानदारों को बल्क में बच देते है इन कपड़ों की कॉस्ट सरोजिनी नगर के दुकानदारों को ¼ या उससे भी कम कीमत पड़ती है जिसके कारण यहाँ हमे कपड़े सस्ते मिल जाते है।

रिजेक्टेड पीस: एक्सपोर्ट सरप्लस के अलावा सरोजिनी नगर मार्केट में बिकने वाले कपड़े रिजेक्ट पीस भी होते है। यानि की जब भी कोई ब्रैंडेड कपड़ों का ऑडर आता है तो कंपनी उन कपड़ों को एक्सपोर्ट करने के पहले ब्रैंड का क्वॉलिटी चेक करती है यानि की तैयार किये गए कपड़े ब्रैंड के क्वॉलिटी स्टैंडर्ड्स पर खरे उतरते हैं या नहीं। अगर उनमें से कुछ पीस ब्रैंड के क्वॉलिटी स्टैंडर्ड्स पर खरे नहीं उतर पाते तो उस कंडीसन में उन पीसो को रिजेक्टेड कर दिया जाता है। जो बाद में आपको सस्ते दामों में सरोजिनी नगर मार्केट में मिल जाते है।

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आज मिली पेट्रोल-डीजल के दामों में राहत, पांच दिन बाद घटे पेट्रोल-डीजल के दाम

जाने अपने शहर के पेट्रोल-डीजल के दाम


पेट्रोल डीजल की बढ़ती महंगाई से पूरे देश की जनता परेशान है लेकिन आज यानि की मंगलवार की सुबह लोगों को एक राहत की खबर सुनने को मिली। एक बार फिर पांच दिनों बाद तेल कंपनियों ने पेट्रोल डीजल की कीमतों में कटौती की है। आज सुबह तेल कंपनियों ने अनुसार तय हुई कीमतों से पेट्रोल 22 पैसे और डीजल 23 पैसे सस्ता हुआ। अगर हम देश की राजधानी दिल्ली की बात करें तो दिल्ली में आज पेट्रोल का दाम 90.56 रुपये जबकि डीजल का दाम 80.87 रुपये प्रति लीटर है। वही अगर हम मुंबई की बात करें तो मुंबई में पेट्रोल की कीमत 96.98 रुपये व डीजल की कीमत 87.96 रुपये प्रति लीटर है। तो चलिए जानते है बाकी राज्यों के पेट्रोल-डीजल के दामों के बारे में।

जाने देख के प्रमुख महानगरों में पेट्रोल डीजल की कीमतों के बारे में

शहर         डीजल          पेट्रोल

दिल्ली         80.87          90.56

मुंबई          87.96          96.98

कोलकाता   83.75           90.77

चेन्नई          85.88          92.58

नोएडा        88.91           81.33

बेंगलुरु       93.59           85.75

हैदराबाद    94.16           88.20

जयपुर        97.08           89.35

लखनऊ      88.85           81.27

पटना          92.89           86.12

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रोज छह बजे बदलती है पेट्रोल डीजल की कीमतें

आपको बता दें कि रोज छह बजे पेट्रोल डीजल की कीमतों में बदलाव आता है। रोज छह बजे से पेट्रोल और डीजल की नई दरें लागू की जाती है। पेट्रोल व डीजल के दाम में एक्साइज ड्यूटी, डीलर कमीशन और अन्य चीजें जोड़ने के बाद इसका दाम लगभग दोगुना हो जाता है। इन्हीं मानकों के अनुसार पेट्रोल डीजल के रेट तेल कंपनियों द्वारा तय किये जाते है। उसके बाद पेट्रोल पंप वाले खुद को खुदरा कीमतों पर उपभोक्ताओं के अंत में करों और अपने स्वयं के मार्जिन जोड़ने के बाद पेट्रोल बेचते हैं। इतना ही नहीं पेट्रोल और डीजल रेट में कॉस्ट भी जुड़ती है।

जानिए अपने शहर के पेट्रोल डीजल के दाम

अगर आप अपने शहर के पेट्रोल डीजल की कीमत जानना चाहते है तो आप एसएमएस के जरिए भी जान सकते हैं। अगर हम बात करें इंडियन ऑयल की तो इंडियन ऑयल के अनुसार आपको RSP और अपने शहर का कोड लिखकर 9224992249 नंबर पर भेजना होगा। इससे आपको अपने शहर के पेट्रोल डीजल के दाम पता चल जायेगा। हर शहर का कोड अलग-अलग है, जो आपको आईओसीएल की वेबसाइट से मिल जाएगा।

100 रुपये के पार चला गया था पेट्रोल

जैसा की हम आपको बता चुके है कि किसी भी राज्य के वैट की स्थानीय दरों और परिवहन लागत के आधार पर देश भर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में अंतर होता है। अगर हम पिछले महीने की बात करें तो पिछले महीने राजस्थान, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में कुछ स्थानों पर पेट्रोल की कीमत 100 रुपये प्रति लीटर से पार चली गयी थी। जिसके बाद पेट्रोल के बाद 100 रुपये के पार चले गया था।

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अगर आप भी कर रहे है मुगल गार्डन जाने की तैयारी, तो  यहाँ जाने उससे जुड़ी जरूरी बातें

कोरोना वायरस के कारण करीब 11 महीनों से भी ज्यादा समय से बंद पड़ा था मुगल गार्डन


भारत की राजधानी दिल्ली में स्थित मुगल गार्डन आम लोगों के लिए खुल गया है. यह राष्ट्रपति भवन में है. इसकी जानकारी स्वयं राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद के डिप्टी प्रेस सेक्रेटरी कीर्ति तिवारी ने दी है. उन्होंने बताया कि  कोरोना वायरस के कारण मुगल गार्डन में आने वाले लोगों को सोशल डिस्टेसिंग के नियमों का पालन करना होगा.  इतना ही नहीं मुगल गार्डन में आने वाले ऑन द स्पॉट विजिटर्स को गार्डन में एंट्री नहीं दी जाएगी. मुग़ल गार्डन कोरोना वायरस के कारण पिछले करीब 11 महीनों से भी ज्यादा समय से बंद पड़ा था. अगर आप मुगल गार्डन जायेगे तो यहाँ आपको गुलाब, डेज़ी और लिली के अलावा फूलों और पौधों की हजारों किस्म देखने को मिलेगी. इनको देखने के लिए दूर-दूर से लोग यहां आते हैं.

 

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जाने मुगल गार्डन में कितने लोगों को मिलेगी एंट्री

कोरोना वायरस के कारण इस बार मुगल गार्डन में आने वाले लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का विशेष ध्यान रखना होगा. इस बार आम लोगों के लिए मुगल गार्डन सुबह 10 बजे से लेकर शाम को 5 बजे तक सात अलग-अलग स्लॉट्स में खोला जाएगा और हर एक स्लॉट में सिर्फ 100 लोगों को ही एंट्री दी जाएगी. जिससे की गार्डन में सोशल डिस्टेंसिंग का विशेष ध्यान रखा जा सके. नियमों के अनुसार एक जगह पर पांच से ज्यादा लोग इकट्ठे नहीं होने चाहिए और सभी लोगों के बीच निश्चित दूरी का भी ख्याल रखा जाना चाहिए. इतना ही नहीं मुगल गार्डन में शाम को चार बजे के बाद लोगों को एंट्री नहीं दी जाएगी. इसके साथ ही आप चाहे तो मुगल गार्डन जाने से पहले राष्ट्रपति सचिवालय की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन बुकिंग कर सकते है.

 

जाने मुगल गार्डन की खासियत

भारत की राजधानी दिल्ली के मुगल गार्डन को लोग अलग-अलग प्रजाति के सुंदर फूलों और पौधों के लिए बहुत ज्यादा पसंद करते हैं.  सिर्फ दिल्ली-एनसीआर के ही नहीं बल्कि दूर-दूर से लोग मुगल गार्डन का खूबसूरत नजारा देखने यहाँ आते है. करीब 15 एकड़ में फैला मुगल गार्डन राष्ट्रपति भवन के परिसर में बना हुआ है. एंट्री गेट पर टेंपरेचर चेक होने के बाद ही कोई शख्स गार्डन में प्रवेश कर सकता है. इस बार किसी भी व्यक्ति को बिना मास्क के यहाँ में एंट्री नहीं मिलेगी. इतना ही नहीं आप गार्डन में बैग, कैमरा, ब्रीफकेस, हैंडबैग्स, खाने का सामान, पानी की बोतल आदि भी नहीं ले जा सकते.

 

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आज आजाद मैदान में जुटेंगे हजारों किसान, जाने आंदोलन से जुडी महत्वपूर्ण बाते

जाने किसान आंदोलन के लेटेस्ट उपदटेस


26 नंबर से शुरू हुए किसान आंदोलन को कल पूरे दो महीने हो जायेगे. दिल्ली में चल रहे किसानों और केंद्र सरकार के बीच का आंदोलन रुकने का नाम नहीं ले रहा है. अभी दिल्ली में हो रहे किसान आंदोलन को समर्थन देने के लिए और केंद्र सरकार को विरोध जताने के लिए आज महाराष्ट्र के किसान भी मुंबई के आजाद मैदान में इकट्ठा होने वाले हैं.  महाराष्ट्र राज्य के कोने-कोने से किसानों का जत्था मुंबई के आजाद मैदान में इकट्ठा होगा.  कल शाम यानि कि रविवार की शाम को ही हज़ारों की तदाद में किसान मुंबई के आजाद मैदान में पहुंच चुके हैं और अभी भी किसानों के आने का सिलसिला जारी है. इतना ही नहीं कड़कड़ाती ठंड में तंबू के नीचे बैठे किसानों का हौसला बढ़ाने के लिए किसान महिलाओं और पुरुषों ने पारंपरिक नृत्य भी किया.  तो चलिए आज हम आपको किसान आंदोलन से जुडी कुछ ऐसी ही महत्वपूर्ण बातें बतायेगे.

 

जाने किसान आंदोलन से जुडी कुछ महत्वपूर्ण बाते

1. अब तक दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन की लहर दिल्ली से मुंबई पहुंची चुकी है. नए कृषि कानूनों के खिलाफ मुंबई के आजाद मैदान में सैकड़ों की संख्या में किसान जमा हो गए हैं.

 

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2. नए कृषि कानूनों के खिलाफ महाराष्ट्र राज्य के कोने-कोने से किसानों का जत्था मुंबई के आजाद मैदान में इकट्ठा हुआ और आंदोलनकारी किसानों का कहना है कि जब तक कानून वापस नहीं होंगे किसानों का आंदोलन नहीं रूकेगा.  इतना ही नहीं आंदोलनकारी किसानों का कहना है कि आज की रैली करने के बाद राज्यपाल को ज्ञापन देने जाएंगे.

 

3. किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब के नेता सुखविंदर सिंह ने सभरा में कहा कि शर्तों के साथ रैली निकालने की बात को हम नामंजूर करते है और फिर उन्होंने बताया कि सुबह 10 बजे वो पुलिस के साथ बैठक करेंगे. जिसके बाद तय किया जाएगा कि कौन से रूट पर रैली निकालनी है और कितने बजे रैली निकलनी है.  सुखविंदर सिंह ने कहा कि 12 बजे रैली निकालने का कोई तुक नहीं बनता.

 

4. आज सुबह 11 बजे नए कृषि कानूनों के खिलाफ मुंबई के आजाद मैदान में किसानों की रैली हुई. इस रैली को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार और महा विकास अघाडी के कुछ प्रमुख नेताओं ने संबोधित किया. शरद पवार के अलावा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री बालासाहेब थोराट, पर्यटन मंत्री आदित्य ठाकरे भी रैली को संबोधित किया.

 

5. आंदोलनकारी किसानों को दिल्ली पुलिस ने गणतंत्र दिवस समारोह के बाद ट्रैक्टर परेड की सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में एक परिपत्र जारी किया है.  इसमें उन्होंने कहा पुलिस कर्मियों के लिए दोपहर के भोजन की व्यवस्था की जानी चाहिए और उनके जोनल अधिकारियों के तहत ड्यूटी के उनके बिंदुओं पर तैयार रहना चाहिए.

 

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किसान नेताओं का बड़ा ऐलान, गणतंत्र दिवस पर ट्रैक्टर रैली के फैसले से नहीं हटेंगे पीछे

26 जनवरी को किसान करेंगे 50 किलोमीटर की ट्रैक्टर रैली


लम्बे समय से सरकार और किसानों के बीच नए कृषि कानूनों को लेकर जबरदस्त आंदोलन चल रहा है. अभी किसानों द्वारा नए कृषि कानूनों के खिलाफ चल रहे आंदोलन को दबाने के लिए सरकार पर दमनकारी रवैया अपनाने का आरोप लगाया जा रहा है. किसानों ने सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार आंदोलन में सहयोग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है. किसानों का कहना है कि सरकार भला कुछ भी कर ले वे पीछे नहीं हटेंगे और जो उन्होंने 26 जनवरी के दिन ट्रैक्टर रैली करने का ऐलान किया हुआ है उससे भी वापस  नहीं लिया जाएगा. 26 जनवरी के दिन किसान ट्रैक्टर रैली कर के रहेंगे.  इस ट्रैक्टर रैली में करीब एक हजार ट्रैक्टर हिस्सा लेंगे.

 

किसानों ने कहा सरकार ने अत्याचार शुरू कर दिया है

किसानों ने कल यानि की रविवार को प्रेस कान्फ्रेंस कर कहा कि NIA जो कार्रवाई कर रही है, वो बिलकुल गलत है हम उसकी कड़ी निंदा करते हैं. किसानों का कहना है कि हम इसके खिलाफ कोर्ट में ही नहीं बल्कि कानूनी रूप से भी लड़ेंगे. किसानों ने कल हुई प्रेस कान्फ्रेंस में कहा कि सरकार नए कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन में सहयोग करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है और उन्हें परेशान कर रही है. किसान नेताओं ने प्रेस कान्फ्रेंस में कहा कि अब सरकार ने अत्याचार शुरू कर दिया है.

 

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जाने ट्रैक्टर रैली को लेकर क्या कहना है किसान नेताओं का

26 जनवरी को होने वाली ट्रैक्टर रैली को लेकर किसान नेताओं का कहना है कि असामाजिक तत्व इस फिराक में हैं कि वो 26 जनवरी को हमारी परेड को खराब कर सके. जैसा की किसानों ने पहले ही बताया है कि 26 जनवरी को किसान गणतंत्र  परेड का आयोजन दिल्ली के अंदर किया जायेगा. किसानों का कहना है कि इस बार जवानों के साथ  किसान भी ये उत्सव मनाएगा.  किसानों की ये गणतंत्र परेड दिल्ली की रिंग रोड पर होगी. इतना ही नहीं किसानों का कहना है कि उन्हें दिल्ली और हरियाणा पुलिस से उम्मीद है कि वो उन्हें इसमें सहयोग करेगी. किसानों की इस गणतंत्र परेड में उनके वाहनों पर किसानों का और राष्ट्रध्वज होगा. उनका कहना है कि हमारे वाहनों पर किसी भी पार्टी का झंडा नहीं होगा.

 

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क्या इस बार दिल्ली में नाइट कर्फ्यू के कारण फीका पड़ जायेगा नए साल के जश्न, जानिए क्या है टाइमिंग

आज रात नए साल के जश्न पर दिल्ली में रहेगा नाइट कर्फ्यू


आज शाम से साल 2020 का अंत होने के साथ ही नया साल शुरू हो जायेगा. नए साल के जश्न के मद्देनजर इस बार दिल्ली में नाइट कर्फ्यू लगाने का ऐलान किया गया है.  इस बार दिल्ली में 31 दिसंबर और 1 जनवरी को नाइट कर्फ्यू रहेगा. नाइट कर्फ्यू 31 दिसंबर रात 11 बजे से सुबह 6 बजे तक रहेगा.  दिल्ली में नाइट कर्फ्यू लगाने का कारण कोरोना वायरस है. DDMA ने कोरोना वायरस को देखते हुए नए साल में होने वाले जश्न को लेकर होने वाली भीड़भाड़ के कारण नाइट कर्फ्यू का आर्डर जारी किया है.  इस नाइट कर्फ्यू के दौरान दिल्ली में कही पर भी पब्लिक प्लेस पर 5 लोगों से ज्यादा भीड़ इकठ्ठी नहीं हो सकती है. नए साल पर किसी को भी किसी भी जश्न और सेलिब्रेशन या प्रोग्राम की पब्लिक प्लेस पर इजाजत नहीं होगी. जबकि लाइसेंसी प्लेस, पब्लिक प्लेस के दायरे में नही आएंगे.

 

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सरकार ने की लोगों से घर पर रह कर नया साल बनाने की अपील

साल 2020 सभी लोगो के लिए कुछ खास नहीं रहा.  यह पूरा साल कोरोना वायरस के बीच ही निकल गया. आज साल 2020 का आखरी दिन है और कल से नया साल यानि कि साल 2021 शुरू हो जायेगा. ऐसे में दिल्ली सरकार ने कोरोना वायरस न फैले और सभी लोग अपने घरों पर ही सेफ रहे. इसके लिए दिल्ली में नाइट कर्फ्यू का एलान किया है. दिल्ली ही नहीं बल्कि कई और राज्यों में भी नए साल के जश्न पर पाबंदी लगाई गई है. इसके अलावा कई ऐसे राज्य भी हैं, जहां कोरोना के मामले कम हैं वहां पर जिला प्रशासन को सरकार ने यह फैसला लेने का अधिकार दिया गया है.  अभी फिलहाल सभी राज्य कोरोना के मद्देनजर सतर्कता बरत रहे है. ऐसे में सरकार ने भी सभी से अपील की हुई है कि वह नए साल का जश्न अपने घर पर ही मनाएं.

 

जाने कोरोना वायरस पर दिल्ली की लाइव अपडेट

अगर हम अभी दिल्ली की कोरोना की रिपोर्ट देखे तो इसमें अभी लगातार गिरावट देखने को मिल रही है.  दिल्ली में 26 मई के बाद सबसे कम नए  केस बीते दिन दर्ज किए गए हैं. 26 मई को दिल्ली में कोरोना वायरस के 412 केस सामने आए थे. जबकि पिछले 24 घंटे में 677 केस सामने आए है. अभी दिल्ली में कोरोना वायरस की संक्रमण दर एक फीसदी कम हो गयी है. जो अब तक का सबसे निचला स्तर है। अभी दिल्ली में कोरोना वायरस से सक्रिय मरीज 0.93 फीसदी रह गए हैं.

 

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दिल्ली मेट्रो में यात्रा करने वाले लाखों लोगों के लिए अच्छी खबर, अब प्रत्येक 11वें दिन करें मुफ्त सफर

अब दिल्ली मेट्रो में हर महीने करे 2 बार से अधिक मुफ्त यात्रा


अभी दिल्ली मेट्रो के पास अपने लाखों यात्रियों के लिए एक आकर्षक स्कीम है, जो की सालों से चल रही है. जिसके तहत कोई भी व्यक्ति दिल्ली मेट्रो में नियमित यात्रा एक महीने के दौरान अधिकतम 2 बार मुफ्त यात्रा कर सकता है. इतना ही नहीं 33 दिन यात्रा करने वाले यात्री तो 3 बार मुफ्त यात्रा के हकदार होंगे. लेकिन आपको दिल्ली मेट्रो के ये फायदे तब ही मिलेंगे जब आप मेट्रो में नियमित सफर करेंगे.  क्या आपको पता है अभी तक लाखों यात्री इस स्कीम का सालों से फायदा उठा रहे है और अभी तक वो हजारों रुपये की बचत कर चुके हैं.

जाने डीएमआरसी की ये स्कीम कैसे काम करती है।

अगर कोई व्यक्ति स्मार्ट तरीके से मेट्रो की सवारी करता है तो वह हर 10 यात्रा करने के बाद एक यात्रा यानी की 11वीं यात्रामुफ्त कर सकता है. और डीएमआरसी की इस स्कीम का फायदा हर कोई उठा सकता है. दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, दिल्ली मेट्रो की यह स्कीम न केवल लोगों को सालों से आकर्षित कर रही है, बल्कि  इसके नियमित इस्तेमाल से यात्री हजारो रुपये बचा रहे है. अगर आप रोजाना दिल्ली मेट्रो में यात्रा करते है तो अपने शायद ध्यान दिया होगा की स्मार्ट कार्ड का इस्तेमाल करने से आपको 10 फीसद की छूट मिलती है. इस तरह से समझे कि रोजाना 10 फीसदी की छूट लेने से यात्रियों को 11वीं यात्रा पूरी तरह से मुफ्त हो जाती है.

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मेट्रो

जाने दिल्ली मेट्रो क्यों स्मार्ट कार्ड से सफर करने पर जोर दे रहा है

जैसा की हम सभी जानते है कि साल 2020 कोरोना वायरस के कहर में ही निकल गया..कोरोना वायरस के चलते 22 मार्च से बंद दिल्ली मेट्रो 7 सितंबर से दोबारा चलनी शुरू हुई है. कोरोना वायरस के कारण मेट्रो में भी खास हिदायत बरती जा रही है. अभी दिल्ली मेट्रो भी अपने यात्रियों से स्मार्ट कार्ड के
जरिए ही

यात्रा करने पर जोर दे रही है.  मेट्रो में टोकन सिस्टम बंद होने के चलते अब लोग स्मार्ट कार्ड का ही इस्तेमाल कर रहे है. ऐसे में अगर कोई व्यक्ति स्मार्ट कार्ड के जरिये 10वीं के बाद दिल्ली मेट्रो में यात्रा करता है तो उसकी 11वीं यात्रा बिल्कुल मुफ्त हो जाती है..यह कोई स्कीम नहीं है, लेकिन अगर आप देखे तो आप साल भर में 36 बर से अधिक बार मुफ्त यात्रा कर सकते है.

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दिल्ली पुलिस ने किसानों को आने की दी अनुमति, दिल्ली सरकार ने अस्थाई जेल की अनुमति को ठुकराया

तीन दिसंबर को दोबारा किसानों के साथ होगी बैठक


 

नए कृषि कानून के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों को आज दिल्ली आने की अनुमति दे दी गई है.  दो दिन से चल रहे प्रदर्शन के बीच आज दोपहर दिल्ली पुलिस ने किसानों को बुराड़ी के निरंकारी ग्रांउड में प्रदर्शन करने की इजाजत दे दी है. लेकिन इस आददेश में यह साफ कर दिया गया है कि इस दौरान किसान दिल्ली के किसी और हिस्से में नहीं जा सकते हैं. अगर जाते हैं तो पुलिस उनके साथ रहेगी.

 

दिल्ली सरकार ने अस्थाई जेल की मांग को ठुकराया.

 

आज की अनुमति से पहले हजारों की संख्या में किसान दिल्ली में घुसने की कोशिश कर रहे थे. जिसके कारण सिंधु बॉर्डर पुलिस और किसानों के बीच झड़प हुई. किसानों ने पुलिस पर पथराव किया. जिसके जवाब में पुलिस ने आंसू गैस और वाटर कैनन का इस्तेमाल किया. किसान लगातार दिल्ली जाने की मांग करते हुए कह रहे थे कि उनके साथ 5 लाख किसान है और वह बिना दिल्ली गए वापस नहीं जाएंगे. कोई भी शख्स  उन्हें उनको लक्ष्य से हटा नहीं सकता है. आपको बता दें निरंकारी ग्रांउड की अनुमति से पहले किसान जंतर-मंतर या रामलीला की मांग कर रहे थे. किसानों बढ़ते प्रदर्शन के बीच दिल्ली पुलिस ने किसानों के लिए अस्थाई जेल बनाने की मांग की थी. जिसे दिल्ली सरकार ने ठुकरा दिया. कल किसानों को कोरोना के देखते हुए दिल्ली में प्रवेश के लिए रोका जा रहा था.  

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पहले दिन भी किसानों को रोकने की कोशिश की गई थी 

कल किसान पंजाब से हरियाणा होते हुए दिल्ली के लिए कूच कर रहे  थे. उन्हें रोकने के लिए हरियाणा पुलिस ने रास्ते में बैरिकेटस लगाए. सड़क पर बड़े-बड़े पत्थर रखेंतारों से रास्ते के ब्लॉक कर दिया.  पुलिस की ऐसा रवैया देखते हए  किसानों ने पुलिस पर पत्थारबाजी की. उन्हें रोकने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन से पानी की बौछर की  जिद पर अड़ें किसानों को रोकने के लिए कल भी  दिल्ली बॉर्डर पर आंसू गैस भी छोड़े गए थे. बढ़ते तनाव के बीच कल दिल्ली एनसीआर में मेट्रो को भी बंद कर दिया गया था.   कुरुक्षेत्र हाइवे पर किसान फायर बिग्रेड और वाटर कैनन की गाड़ियों पर चढ़े गए थे. बिल लागू होने के बाद से ही किसानों के साथ खड़े योगेंद्र यादव को हरियाणा पुलिस ने कुछ किसानों के साथ गुरुग्राम में हिरासत में ले लिया था. आज भी किसान सुबह से ही एंट्री को लेकर अडे हुए थे.

 

कृषि मंत्री का बयान–     

कल कृषि मंत्री ने बयान देते हुए कहा है कि किसान संगठनों को तीन दिसंबर को फिर से बातचीत के लिए बुलाया गया है. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार देश भर के किसानों के हित में काम करने के लिए प्रतिबद्ध हैकिसानों की आय दोगुनी करने लिए सरकार प्रतिबद्ध है. इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि नए कानून भी किसानों के हित में हैं.

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