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संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने सिविल सर्विसेज एग्जाम 2020 के नोटिफिकेशन की डेट जारी की

सिविल सर्विसेज एग्जाम 2020

संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने 2020 में होने वाली सिविल सर्विसेज एग्जाम (आईएएस (IAS), आईपीएस (IPS), आईआरएस (IRS), आईएफएस (IFS) की परीक्षाओं का कलेंडर जारी कर दिया है। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) सिविल सर्विसेज परीक्षा के लिए फरवरी में नोटिफिकेशन (UPSC Civil Services Notification) जारी करेगा जो 12 फरवरी 2020 को जारी किया जाएगा। नोटिफिकेशन जारी होने के बाद इच्छुक लोग इस परीक्षा से जुड़ी हर जानकारी इस नोटिफिकेशन में देख सकते हैं। नोटिफिकेशन के रिलीज़ होते ही यूपीएससी सिविल सर्विसेज रजिस्ट्रेशन (UPSC Civil Services Registration) की प्रक्रिया शुरू हो जाएगीजिसकी अंतिम तारीख 3 मार्च 2020 है।  

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सिविल सर्विसेज  परीक्षा की  चयन प्रक्रिया

सिविल सर्विसेज एग्जाम (आईएएस ( IAS ), आईपीएस ( IPS ), आईआरएस ( IRS ), आईएफएस ( IFS ) की परीक्षाओं  के लिए हर साल देश के लगभग 10 -11 लाख युवा आवेदन करते हैं। इसमें प्रीलिम्स, मेन्स और इंटरव्यू में उच्च रैंक प्राप्त छात्र भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय पुलिस सेवा और भारतीय वन सेवा आदि के पदों पर नियुक्त किए जाते हैं। यूपीएससी द्वारा कराई जाने वाली इस परीक्षा में चयन प्रक्रिया काफी कठिन होती है।


नोटिफिकेशन जारी होने की तारीख (UPSC Civil Services Notification 2020) – 12 फरवरी
• रजिस्ट्रेशन शुरू होने की तारीख – 12 फरवरी
• रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख – 3 मार्च  
• प्रीलिम्स परीक्षा की तारीख – 31 मई, 2019

तीन चरणों में उम्मीदवारों का चयन किया जाता हैं –
• प्रारंभिक परीक्षा (preliminary )
• मुख्य परीक्षा (mains)
• साक्षात्कार (interview)

प्रारंभिक परीक्षा एक स्क्रीनिंग टेस्ट है जिसके  मार्क्स फाइनल मेरिट में नहीं जुड़ते। लेकिन इसमें पास होने वाले को ही मुख्य परीक्षा में बैठने को मिलता है। फाइनल मेरिट लिस्ट मुख्य परीक्षा और साक्षात्कार के आधार पर बनती है। मुख्य परीक्षा कुल 1750 अंकों की होती है और साक्षात्कार 275 अंकों का

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कैसे बनाये अपने कंटेंट को एंगेजिंग और बने Successful Blogger?

ये 5 टिप्स बना देंगे आपको Successful Blogger


ऐसे कई सारे ब्लॉगर्स  है जो ब्लोग्स काफी अच्छा लिखते है और अपने ब्लॉग में विषय से जुड़ी सारी जानकारी भी देते  है। फिर लोगो तक अपना कंटेंट पहुँचाने के लिए उसकी अच्छी मार्केटिंग भी कराते है। अगर तब भी आपके रीडर्स ब्लॉग पर नहीं रुकते तो जरूरत है आपको उनसे कनेक्ट करने की ।

आज हम आपको बताएँगे की कैसे आप अपने कंटेंट को रीडर्स फ्रेंडली बना सकते  और बन सकते है एक सक्सेसफुल ब्लॉगर।एक अच्छा ब्लॉगर बनने के लिए बस फॉलो करे यह 5 आसान  टिप्स

यह है 5 राइटिंग टिप्स जो आपको रीडर्स के साथ जोड़ कर रखेगा:

 1. पहले यह जाने की आपके रीडर्स पढ़ना क्या पसंद करते है

आप हमेशा रीडर्स के लिए लिखते  हैं जरूरी है उनके इंटरेस्ट को ज समझना । इसलिए कंटेंट लिखने से पहले आपको रीडर्स की ज़रूरतों को जानना चाहिए। आपको यह पता होना चाहिए कि आपके ब्लॉग में रीडर्स पढ़ना क्या चाहते है जो उन्हें आपके ब्लॉग से कनेक्ट कर सके । नहीं तो आपकी मेहनत व्यर्थ चली जाएगी। अब आपको कैसे पता चलेगा  की रीडर्स पढ़ना क्या चाहते है ?

ब्लॉग लिखने से पहले, आपको अपने ब्लॉग पर रीडर्स  द्वारा दिए गए कमैंट्स को पढ़ना होगा जो आपको यह जानने में मदद करेगा कि आपके रीडर्स ब्लॉग में क्या पढ़ना चाहते है। आप उनके पॉइंट को समझ पाएंगे। अपने ब्लॉग को अपडेट करें:अपने विषय को अपडेट करें और रीडर्स से पूछें कि वे लेख में क्या पढ़ना चाहते हैं। इस से आपको अपना अगला ब्लॉग लिखने के  लिए टॉपिक भी मिल जायेगा। 

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 2. आपको अपने टॉपिक की गहरी नॉलेज होनी चाहिए

ज्यादातर ब्लॉगर के साथ ऐसा  होता है की वो टॉपिक का चयन तो कर लेते है, लेकिन उन्हें उस टॉपिक की ख़ास नॉलेज नहीं होती। ज्यादातर ब्लॉगर्स  इसलिए ब्लॉग लिखते है ताकि वो पैसा कमा सके। लेकिन जरुरी है की आप अपने ब्लॉग के लिए ऐसा टॉपिक का चयन करे जिसकी आपको पर्याप्त नॉलेज हो या फिर एक ऐसा टॉपिक ले जिस पर आप अच्छी रिसर्च कर उस ब्लॉग को लिख पाए। क्योंकि अगर आपको उस टॉपिक की नॉलेज नहीं होगी तो आप रीडर्स को भी उस तरह से समझा नहीं सकते और इस तरह आप अपने रीडर्स को अपने ब्लॉग पर एंगेज नहीं कर पाएंगे।

 3.अपने रीडर्स को हमेशा दोस्त की तरह देखे

आप हमेशा अपने रीडर्स को एक दोस्त की तरह ट्रीट करे ताकि आप उनसे सवाल कर सके  और अगर वो आपकी आलोचना भी करे तो आपको बुरा न लगे। आप उनसे अपने ब्लॉग से जुड़े कई सारे सुझाव ले सकते है। आप अपने रीडर्स को ब्लॉग पोस्ट पर कमैंट्स करने के लिए कह सकते हैं।जब वे आपकी आलोचना करते हैं,तो उससे सीखें। यहां तक कि जब वे किसी समस्या का समाधान पूछते हैं तो एक दोस्त की तरह उनकी मदद करें। इस से आप रीडर्स के साथ कनेक्ट हो सकते है।

4. रीडर्स के साथ अपना ‘डाउनफॉल’ जरूर शेयर करे

अगर आप अपनी ऑडियंस को दोस्त की तरह ट्रीट करते है तो आप उनसे आसानी से अपनी कमज़ोरी ,डर और चिंता जाहिर कर सकते है. इस से भी आप अपने रीडर्स के साथ दोस्त की तरह जुड़ सकते है। 

 5.  हमेशा भीड़ से अलग रहे

जब आप किसी टॉपिक पर ब्लॉग लिखते है जो पहले से कई ब्लॉगर्स द्वारा लिखा जा चुका हो , तो जरुरी नहीं है कि रीडर्स आपके ब्लॉग को फिर से पढ़े।वो टॉपिक्स सिर्फ आपके ब्लोग्स पर ट्रैफिक लाने में मददगार होता है। ऐसे में आप दूसरों को कॉपी करने की बजाय आप अपने एक्सपीरियंस पर कई सारे  टॉपिक लेकर ब्लॉग लिख सकते है।जो आपके कंटेंट को भी यूनिक रखेगा।

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हैप्पीनेस क्लास से कैसे बदली दिल्ली सरकार ने स्कूलों की रूपरेखा?

हैप्पीनेस कैरिकुलम  – हैप्पीनेस उत्सव 15 दिन 


हाल ही में दिल्ली सरकार के शिक्षा के क्षेत्र में किये गए एक अभियान हैप्पीनेस क्लास का एक साल पूरा हुआ है. ये अभियान दिल्ली सरकार ने दिल्ली के सरकारी स्कूलों में हैप्पीनेस करीकुलम के नाम से शुरू किया था। हैप्पीनेस कैरिकुलम को शुरू हुए एक साल हो गया और इसी उपलक्षय मे स्कूलों में 15 दिन का हैप्पीनेस उत्सव मनाया जा रहा है। इस उत्सव में अलग-अलग राज्य से लोग  में शामिल होंगे

हैप्पीनेस क्लास 

शिक्षा के क्षेत्र में सरकारी स्कूलों को उठाने और हैप्पीनेस इंडेक्स की लिस्ट में भारत को पहले नंबर पर लाने के लिए दिल्ली सरकार (Delhi Government) और शिक्षा मंत्री (Education Minister) मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) ने एक नया अभियान शुरू किया था। इस अभियान के चलते लगभग एक साल पहले सरकारी स्कूलों में हैप्पीनेस क्लास (Happiness Class) की शुरूवात हुई. इस हैप्पीनेस क्लास के अंतर्गत हैप्पीनेस कैरिकुलम  को क्लास नर्सरी से लेकर कक्षा 8 तक के बच्चों को पढ़ाया जाता हैं। ये क्लास 45 मिनट की हैप्पीनेस क्लास के नाम से शुरू हुई थी और इसके रिजल्ट्स को देखकर बच्चे और शिक्षा मंत्री दोनों ही बहुत खुश हैं। इस क्लास का मुख्य उदेशय बच्चों में आत्मविश्वास को बढ़ावा देना और उन्हें भावनात्मक रूप से मजबूत बनाना  हैं। इस क्लास के अंतर्गत मेडिटेशन से लेकर मोरल कहानियां पढाई जाती हैं। 

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15 दिन का हैप्पीनेस उत्सव 

सरकारी स्कूलो में हैप्पीनेस क्लास को शुरू हुए एक साल बीत गया है और इस सिलसिले में सभी सरकारी स्कूलों में 15 दिन का उत्सव (15 Days Festival) मनाने का ऐलान किया जा चूका हैं।  शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से ट्वीट कर कहा कि “जिस भारत ने कभी दुनिया को ख़ुश रहना सिखाया आज Happiness Index में 156 देशों में से 140 वें नम्बर पर है…इसीलिए दिल्ली के सरकारी स्कूलों में #HappinessClass शुरू की गई है. देखना जल्द ही भारत इस लिस्ट में सबसे ऊपर आएगा और दुनिया फिर हमसे ही ख़ुश रहना सीखेगी.”

उत्सव में कौन लोग आये 

आपको बता दे  मेघालय के शिक्षा मंत्री,थ्री-इडियट्स फेम मिस्टर सोनम वांगचुक आदि इस उत्सव में शामिल हो चुके हैं। उनका उदेश्य हैप्पीनेस कैरिकुलम को समझने का हैं। इसी के साथ शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया व ओडिसा के शिक्षा मंत्री समीर रंजन दास भी इस उत्सव में मौजूद रहेंगे।

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यूजीसी ने जारी की फर्जी कॉलेजों की लिस्ट,  देखें पूरी लिस्ट यहां पर….

यहाँ देखे फ़र्ज़ी कॉलेजो की लिस्ट


भारत देश में धोखाधड़ी तो आजकल आम बात हो गई है। अब वह चाहे व्यवसायिक रूप में हो या फिर शैक्षिक रूप में। यदि बात की जाए भारत में मौजूद स्कूलों और कॉलेजों की, तो भारत में ऐसे बहुत से स्कूल है जो आपको हर गली में या गली के नुक्कड़ पर खुले हुए मिल जायेंगे। आरंभिक पढ़ाई के लिए विद्यार्थी किसी भी स्कूल में जा सकता है परंतु आठवीं के बाद कक्षा में पढ़ाई के बाद उन्हें एक मान्यता प्राप्त स्कूल में ही जाना चाहिए ताकि वह अपनी शिक्षा के स्तर को बनाए रखें और एक बेहतर शिक्षा प्राप्त कर सकें। अब स्कूलों का फर्जीवाड़ा तो आपने बहुत सुना होगा लेकिन क्या कभी आपने ऐसा सुना है कि भारत देश में बहुत से राज्य ऐसे हैं जहां पर फर्जी कॉलेजेस बने हुए हैं। जी हां जो विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने पर तुले हुए हैं और फर्जी कॉलेजेस खोलकर एक तरह का गंदा व्यापार कर रहे हैं। आइए जानते हैं इसके बारे में विस्तार से…

विश्वविद्यालय आयोग ने जारी की फर्जी कॉलेजेस की लिस्ट

विश्वविद्यालय आयोग द्वारा भारत देश में ऐसे बहुत से फर्जी कॉलेजेस की लिस्ट जारी की गई है जिससे उन कॉलेजेस का भंडाफोड़ हो गया है। पूरे भारत में से इस लिस्ट में 23 स्वघोषित, गैर मान्यता कॉलेजेस शामिल है। जिनमें से सबसे अधिक मात्रा में कॉलेजेस उत्तर प्रदेश में स्थापित हो चुके हैं। यदि गणना की जाए तो लगभग 8 कॉलेजेस उत्तर प्रदेश में ऐसे हैं जो स्वघोषित हैं और गैरकानूनी भी।

आयोग द्वारा सभी छात्रों और लोगों को यह सूचना प्रदान की जा रही है कि वह कॉलेजेस झूठे हैं और स्वचालित हैं जिनमें एडमिशन लेने से आपका भविष्य खराब हो सकता है। कोई भी छात्र उन कॉलेज में एडमिशन ना ले इसलिए उन्होंने इन फर्जी कॉलेजेस की लिस्ट वेबसाइट पर जारी कर दी है।वे उन विद्यार्थियों को आगाह करना चाहते हैं जो अपने भविष्य को लेकर बहुत ज्यादा आशावादी हैं।

इस लिस्ट में से आठ विश्वविद्यालय उत्तर प्रदेश में है और सातवें विश्वविद्यालय भारत की राजधानी दिल्ली में स्थापित है। इसके अलावा भारत के केरल, कर्नाटक, महाराष्ट्र और पुडुचेरी राज्यों में भी एक-एक फर्जी कॉलेज स्थापित है। यूसीजी के अनुसार जेएसए कॉलेजेस है जो सिर्फ पैसा कमाने का लक्ष्य रखते हैं और किसी भी विद्यार्थी को इनके पास किसी भी तरह की डिग्री देने का कोई हक उपलब्ध नहीं है।

दिल्ली में कॉमर्शियल यूनिवर्सिटी, यूनाईटेड नेशंस यूनिवर्सिटी, वोकेशनल यूनिवर्सिटी, एडीआर – सेंट्रिक जूरिडिकल यूनिवर्सिटी, इंडियन इंस्टीट्यूशन ऑफ सांइस एंड इंजीनियरिंग, विश्वकर्मा ओपेन यूनिवर्सिटी फॉर सेल्फ इम्प्लॉयमेंट और आध्यात्मिक विश्वविद्यालय फर्जी यूनिवर्सिटी जैसे कॉलेजेस भी इस लिस्ट में सम्मिलित किए गए हैं।

आइए जान लेते हैं इन फर्जी कॉलेजेस के नाम ताकि आप भी इन में एडमिशन लेने से सतर्क रहें। यदि आप भी इन कॉलेज में एडमिशन लेने जा रहे हैं तो पहले से ही सावधान हो जाएं। यह है उन विश्वविद्यालयों के नाम….

दिल्ली

1.  कॉमर्शियल यूनिवर्सिटी लिमिटेड, नई दिल्ली
2. यूनाईटेड नेशंस यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली
3. वोकेशनल यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली
4. एडीआर – सेंट्रिक जूरिडिकल यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली
5. एडीआर – सेंट्रिक जूरिडिकल यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली
6. विश्वकर्मा ओपेन यूनिवर्सिटी फॉर सेल्फ इम्प्लॉयमेंट, नई दिल्ली
7. आध्यात्मिक विश्वविद्यालय, नई दिल्ली

उत्तर प्रदेश

8. वाराणसेय संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी (यूपी), नई दिल्ली
9. महिला ग्राम विद्यापीठ/ विश्वविद्यालय (वीमेन्स यूनिवर्सिटी), प्रयाग, इलाहाबाद (यूपी)
10. गांधी हिन्दी विद्यापीठ, इलाहाबाद
11. नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ इलेक्ट्रो कम्प्लेक्स होम्योपैथी, कानपुर
12. नेताजी सुभाष चंद्र बोस यूनिवर्सिटी, अचलताल, अलीगढ़
13. उत्तर प्रदेश विश्वविद्यालय, कोसीकला, मथुरा
14. महाराणा प्रताप शिक्षा निकतेन विश्वविद्यालय, प्रतापगढ़
15. इन्द्रप्रस्थ शिक्षा परिषद, इन्स्टीट्यूशनल एरिया, नोएडा

कर्नाटक

16. बडागानवी सरकार वर्ल्ड ओपन यूनिवर्सिटी एजुकेशन सोसाइटी, गोकाक, बेलगाम (कर्नाटक)

केरल

17. सेंट जोन विश्वविद्यालय, कृष्णट्म, केरल

महाराष्ट्र

18. राजा अरेबिक यूनिवर्सिटी, नागपुर

पश्चिम बंगाल

19. इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ ऑल्टरनेटिवमेडिसिन, कोलकाता
20. इंस्टीट्यूट ऑफ अल्टरनेटिव मेडिसन एंड रिसर्च, कलकत्ता

ओडिसा

21. नव भारत शिक्षा परिषद, राउरकेला
22. नॉर्थ ओडीसा यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चर एंड टेक्नोलॉजी, उड़ीसा

पुडुचेरी

23. स्त्री बोधी एकेडमी ऑफ हायर एजुकेशन, पुडुचेरी

यदि आप या आपका रिश्तेदार या दोस्त अपने भविष्य के लिए बहुत ज्यादा आशावादी हैं तो किसी अच्छे कॉलेज में उनका दाखिला कराएं और इन धोखेबाज कॉलेजेस से उन्हें सतर्क रहने की सलाह अवश्य दें।

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टीजीटी, पीजीटी और पीआरटी परीक्षा के नतीजे हुए घोषित

टीजीटी, पीजीटी और पीआरटी के नतीजे घोषित, ऐसे करे चेक


केंद्रीय विद्यालय में प्रिंसिपल, वाइस प्रिंसिपल,टीजीटी, पीजीटी, यूडीसी, एलडीसी, स्टेनोग्राफर सहित अन्‍य पदों की भर्ती के लिए इस साल मई में परीक्षा आयोजित की गयी थी . इन परीक्षा के नतीजे आज यानी 9 जुलाई को घोषित हुए है. उम्मीदवार अपने नतीजों को देखने के लिए केंद्रीय विद्यालय की ऑफिशल वेबसाइट पर जाकर देख सकते है. इसकी ऑफिशल वेबसाइट है kvsangathan.nic.in

चयनित उम्मीदवारो का नाम सूची में आया है उन अभ्‍यर्थियों को सातवें वेतने आयोग के अनुसार सैलरी दी जाएगी .प्रिंसिपल के पदों पर चुने उम्मीदवार को 78800 रुपये से लेकर 209200 रुपये सैलरी प्रति महीने के हिसाब से दी जाएगी. वाइस प्रिंसिपल के लिए 56100 की जगह अब 177500 वेतन दिया जाएगा. पीजीटी पोस्टग्रेजुएट टीचर्स को 47600-151100, टीजीटी ट्रेंड ग्रेजुएट्स टीचर को 44900–142400,लाइब्रेरियन को 44900– 142400 और पीआरटी टीचर के पदों पर चुने हुए उम्मीदवार को 35400–112400 रुपये प्रति महीने के हिसाब से सैलरी दी जाएगी.

बिहार में इस पद के लिए निकली भर्ती

वही इस जुलाई में बिहार में भी लोक सेवा आयोग ने 65 वीं संयुक्त प्रारंभिक परीक्षाओं की तारीख की घोषणा कर दी है. जिसके लिए रजिस्‍ट्रेशन प्रक्रिया 10 जुलाई से शुरू होकर 24 जुलाई तक चलेगी. वहीं आवेदन शुल्क का भुगतान करने की अंतिम तिथि 30 जुलाई, 2019 रखी गयी है. इसके प्रीलिम्स परीक्षा बिहार में अलग अलग सेंटर पर आयोजित किये जायेंगे और यह परीक्षा MCQ पर आधारित होगी. किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से डिग्री रखने वाले अभ्यर्थी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं.

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एडमीशन के बाद छोड़ी सीट तो लगेगा 30 लाख का जुर्माना

मेडिकल कॉलेज मे सीट छोड़ने पर अब लगेगा तीन गुना जुर्माना


मध्य प्रदेश के सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों के अलावा डेंटल कॉलेजों में एमबीबीएस व बीडीएस की  सीट के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. हालांकि, इस बार छात्र को प्रवेश के बाद सीट छोड़ना भारी पड़ सकता है. राज्य सरकार ने आवंटन के बाद सीट छोड़ने पर आर्थिक दंड तीन गुना कर दिया है. अब बॉन्‍ड के तहत सीट छोड़ने पर छात्र को 30 लाख रुपए देना होगा. बता दें कि पिछले वर्ष यह राशि 10 लाख रुपए थी. राशि जमा करवाने के बाद ही छात्र को उनके मूल दस्तावेज लौटाए जाएंगे. एमजीएम मेडिकल कॉलेज के प्रवक्ता डॉ. राहुल रोकड़े ने इसकी पुष्टि की है. इसके अलावा चिकित्सा शिक्षा विभाग ने इस सत्र से फीस में भी वृद्धि कर दी है.

पिछले साल से दोगुना हो गई फीस

अब एमबीबीएस कोर्स में प्रवेश लेने वाले छात्रों को 1.14 लाख रुपए हर साल शुल्क देना होगा. पिछले साल यह फीस 68 हजार रुपए थी. मुख्यमंत्री मेधावी छात्र योजना समेत अन्य श्रेणी के छात्रों के लिए शुल्क 14 हजार रुपए है. हालांकि, इन छात्रों को पांच साल की ग्रामीण क्षेत्र में सेवा का बैंक गारंटी बॉन्ड भरना पड़ता है.

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बता दें कि चिकित्सा शिक्षा विभाग काउंसलिंग के दौरान सीट आवंटन के समय छात्रों से बंधपत्र भी भरवाता है. अगर कोई छात्र प्रवेश लेने के बाद सीट छोड़ दे तो उससे यह रकम वसूली जाती है. पहले सीट लिविंग बॉन्ड 5 लाख था. वर्ष 2017 में इसे बढ़ाकर 10 लाख रुपए कर दिया गया. अब इसे बढ़ाकर 30 लाख किया जा रहा है. कोई भी छात्र काउंसलिंग के अंतिम चरण के आखिरी दिन पढ़ाई के दौरान सीट छोड़ता है तो उसे निष्कासित कर आर्थिक दंड वसूला जाएगा.

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मैनेजमेंट के लिए आई आई  एम के अलावा भी है कई विकल्प

यहाँ जाने मैनेजमेंट के लिए टॉप 10 कॉलेजेस का नाम


भारत में मैनेजमेंट में करियर बनाने के लिए स्टूडेंट्स  सिर्फ आईआईएम में  एडमिशन लेने का ही ख्वाब  देखते  है लेकिन इतने सारे लोगो का आईआईएम  दाखिला लेना  संभव ही नहीं है. आईआईएम इंदौर सामाजिक रूप से जागरूक प्रबंधकों और उद्यमियों को विकसित करने वाले, विश्व स्तरीय शैक्षिक मानकों के साथ, एक प्रासंगिक बिजनेस स्कूल  है.

आईआईएम इंदौर निम्न के लिए प्रतिबद्ध है.प्रबंध शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता, अनुसंधान और प्रशिक्षण, समकालीन भागीदार केंद्रित शिक्षण और शिक्षण विधियों का प्रयोग, प्रबंध शिक्षा के उभरते क्षेत्रों में उपस्थिति. आपको बता दें की अगर आईआईएम विकल्प में नहीं  तो दूसरा विकल्प हमेशा आई आई टी का ही होता है  इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी- आईआईएम के बाद मैनेजमेंट की पढ़ाई में आईआईटी का स्थान आता है. छठे स्थान पर आईआईटी खड़गपुर का नाम है और इसके लिए अन्य कैंपस भी टॉप-30 मैनेजमेंट कॉलेजों में शामिल हैं. लेकिन अगर टॉप 2  में से कहीं भी आपका एडमीशन नहीं हो पाया है तो परेशानी की कोई बात  नहीं है

जानते हैं आईआईटी और आईआईएम के अलावा कौन – कौन से कॉलेज मैनेजमेंट के टॉप कॉलेज में शामिल है.

1 . जेवियर लेबर रिलेशंस इंस्टीट्यूट (जमशेदपुर)

2 . मैनेजमेंट डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट (गुरुग्राम)

3 . एसपी जैन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च (मुंबई)

4 . नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (तिरुचिरप्पल्ली)

5 . ग्रेट लेक्स इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (चेन्नई)

6 . सिम्बॉयसिस इंस्टीट्यूट ऑफ बिजनेस मैनेजमेंट (पुणे)

7. SVKM`s एनएमआईएमएस(मुंबई)

यहाँ भी पढ़े : दिल्ली यूनिवर्सिटी में घटेंगी स्पोर्ट्स कोटा की सीटें

8. ICFAI फाउंडेशनफॉरहायर एजुकेशन (हैदराबाद)

9. इंटरनेशनलमैनेजमेंट इंस्टीट्यूट (नई दिल्ली)

10. नेशनलइंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रीयल इंजीनियरिंग (मुंबई)

मैनेजमेंट एक ऐसा क्षेत्र है, जिसमें नौकरियों के अवसर काफी ज्यादा रहते हैं. इस क्षेत्र में नौकरियों के अवसर और भी अधिक बढ़ने वाले हैं. अगरआप भी मैनेजमेंट की पढ़ाई करना चाहते हैं और आईआईएम में एडमिशन नहीं हुआ है तो आप अन्य कॉलेज से पढ़ाई कर सकते हैं .

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दिल्ली यूनिवर्सिटी में घटेंगी स्पोर्ट्स कोटा की सीटें 

बढ़ने वाली हैं एक्स्ट्रा करिकुलम एक्टिविटी की सीटें


दिल्ली यूनिवर्सिटी में 15 अप्रैल से एडमीशन शुरू किये जाने थे परन्तु नियमो के बदलाव के कारण तारीख में बदलाव किया गया है, बताया जा रहा है कि 15 अप्रैल से शुरू होने वाले एड्मिशन अब 1 मई से शुरू होंगे  दरअसल परीक्षाओं के कट ऑफ़ को अभी निर्धारित नहीं किया गया है जिसके चलते विलम्ब की स्थितियां पैदा हो चुकी हैं. अब ऐसे में ही खबर मिली है की कट ऑफ के साथ -साथ स्पोर्ट्स कोटे और एक्सट्रा करिकुलम एक्टिविटी (ईसीए) कोटे  की सीटों में भी बदलाव किया गया है

एडमिशन कमेटी  के  सुझाव पर स्पोर्ट्स काउंसिल ने लिखा लेटर

दिल्ली यूनिवर्सिटी का इरादा है कि इस साल एक्स्ट्रा करिकुलर ऐक्टिविटीज कोटे के स्टूडेंट्स को ज्यादा मौके दिए जाएं. ऐडमिशन कमिटी का मानना है कि हर कॉलेज ईसीए कोटे के लिए सीटें नहीं रखता है. खेलकूद (स्पोर्ट्स) और बाकी हुनर (ईसीए) दोनों में बढ़िया कर रहे स्टूडेंट्स के लिए डीयू में कुल 5% सीटें  रिजर्व रखने का सिस्टम है.  हालांकि ज्यादातर कॉलेज स्पोर्ट्स के लिए तो 3 से 5% सीटें रखता हैं, मगर ईसीए के लिए 0 से 2% ही रखी जाती हैं. एडमिशन कमीटी का कहना है कि उन कॉलेजों में जहां ईसीए के लिए कम जगह है, वहां इसे 1-2% सीटें रखा जाना चाहिए.  बताया जा रहा है कि एडमिशन कमीटी के सुझाव पर स्पोर्ट्स काउंसिल ने लेटर लिखा है.

डीयू के डीनराजीव गुप्ता का कहना है कि यह सिर्फ एडमिशन कमीटी  का सुझाव है, फाइनल कुछ नहीं हुआ है. हम यह चाहते हैं कि दोनों कैटिगरी के लिए ही कुछ ना कुछ सीट पर्सेंटेज रहे. अगर यह कदम उठाया जाता है तो स्पोर्ट्स कोटे की सीटें कम हों जाएँगी.

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जल्द शुरू होगी प्रवेश करने की प्रक्रिया

डीयू में करीब 66,000 सीटों के लिए एडमीशन प्रोसेस के लिए रजिस्ट्रेशन दो स्टेप में खोलने का इरादा है. प्रशासन ने पहले इसे 15 अप्रैल से 7 मई और फिर अब 20 मई से खोलने का प्लान बनाया था. मगर अब यह तारीखें आगे बढ़ेंगी. एक अधिकारी का कहना है कि अब पोर्टल अप्रैल के आखिर में खुलेगा, ताकि स्टूडेंट्स रिजल्ट से पहले बाकी डॉक्युमेंट्स की व्यवस्था कर लें . खासतौर पर एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटी (ईसीए) और स्पोर्ट्स कोटे के लिए डॉक्युमेंट की आवश्कता होती है.इस पर दोनों कैटिगरी के ट्रायल भी जल्द 20 मई के आसपास शुरू होंगे. पिछले साल यह जून में हुए हैं.

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रेलवे भर्ती बोर्ड ने बढ़ाई  मिनिस्टेरिअल और आईसोलेटेड (एमआई )के पदों के लिए आखिरी तारीख 

आर आर बी  के आवेदको के लिए खुशखबरी -अब आवेदन करने की तिथि बढ़ी


रेलवे भर्ती बोर्ड द्वारा कुछ ही समय पहले मिनिस्टेरिअल और आईसोलेटेड (एम आई )के  लिए रिक्त पदों पर  भर्ती के लिए  आवेदन खोले थे आवेदन लेने की प्रकिरिया 8 मार्च से शुरू की गयी थी  ,आपको बता दें की हाल ही में आर आर बी की  1665 रिक्तियों के लिए फॉर्म भरा जाना था मगर सर्वर की खराबी के चलते फॉर्म सबमिट न हो पाने के कारण भर्तियों को कुछ  दिन और चालू रखने का निर्णय लिया है इससे पहले आवेदकों द्वारा 7  अप्रेल को ही अपना फॉर्म भर कर जमा करना था लेकिन कई सारी फॉर्म न भर पाने की  शिकायतों के बाद अब रेलवे भर्ती बोर्ड ने इस  तारिख को थोड़ा आगे बढ़ाते हुए 22  अप्रैल कर दिया है तारिख के बढ़ने  से  आवेदकों को कुछ हफ्तों का समय मिल गया है

यहाँ भी पढ़े:SSC 2018 से 2019 के लिए परीक्षा की तारीखें हुई घोषित

याद रखने वाली तारीखें

आवेदन करने की बढ़ी हुई तारीख- 22 अप्रैल, 2019

ऑनलाइन पे करने की आखिरी तारीख- 28 अप्रैल, 2019

चालान जमा करने की आखिरी तारीख- 26 अप्रैल, 2019

जानिये किन किन पदों के लिए भर सकते है आवेदन ?

एमआई के विभिन्न पदों के लिए आवेदन की प्रक्रिया 8 मार्च से शुरू हुई थी आरआरबी एमआई की इस बहाली में कुल 1665 पदों भरे जाएंगे. सभी पोस्ट कुल 30 कैटेगरी में बंटे हुए हैं. मुख्य पदों में- जूनियर स्टेनोग्राफर (हिन्दी,अंग्रेजी), जूनियर ट्रांसलेटर, स्टाफ एंड वेलफेयर इंस्पेक्टर, चीफ लॉ असिस्टेंट, हेड कुक, कुक, लेबोरेट्री असिस्टेंट इत्यादि हैं

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जाने कब आएंगे सीबीएसई, यूपी और राजस्थान बोर्ड परीक्षा के परिणाम

परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों का जल्द खत्म होगा इंतज़ार 


तो जैसा की आप जानते है की परीक्षा का सीजन ख़त्म हो गया है और परिणाम जान ने की घड़ी नज़दीक आती जा रही है .वही  अभी हाल ही मे कर्नाटक औरबिहार बोर्ड ने परीक्षा के नतीजे जारी कर दिए गए है और अब बारी है अन्य बोर्ड की . बताया जा रहा है की बिहार बोर्ड के बाद उत्तर  प्रदेश के10वीं  और 12वीं बोर्डपरीक्षा के रिजल्ट भी जल्द जारी किये जायेंगे .

जाने किस बोर्ड के नतीजे कब जारी होंगे 

सीबीएसई 12वीं  बोर्ड परीक्षा रिजल्ट – 

सीबीएसई बोर्ड के अधिकारियो ने बताया की इस बार नतीजे जल्द ही जारी कर दिए जायेंगे.  सीबीएसई के अनुसार परीक्षा के परिणाम 8 मई से 15 मई तक केबीच जारी कर दिए जायेंगे .पहले 12 वीं के रिजल्ट जारी किये जायेंगे उसके बाद 10वीं बोर्ड के परीक्षा के परिणाम का इंतज़ार समाप्त होगा.

सीबीएसई 10वीं बोर्ड परीक्षा रिजल्ट –

सीबीएसई 10वीं बोर्ड  परीक्षा का रिजल्ट 12वीं बोर्ड परीक्षा के बाद ही जारी किया जायेगा . सीबीएसई बोर्ड की ओर से दी गयी जानकरी के अनुसार  परिणाम 15मई के बाद घोषित कर  जायेंगे  .

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राजस्थान बोर्ड रिजल्ट – 

राजस्थान बोर्ड के दवारा आयोजित की गयी बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट मई के मध्य मे जारी कर दिया जायेगा.  जिन छात्रों ने परीक्षा दी है वे 15 मई के बाद अपनारिजल्ट देख सकते  है .

मध्य प्रदेश बोर्ड रिजल्ट – 

मध्य प्रदेश बोर्ड के  मई के मध्य मे जारी कर दिए जायेंगे हालांकि अभी तक परीक्षा के परिणामो को लेकर आधिकारिक रूप से जानकारी नहीं दी गयी है .

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